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Dukh Chitthirasa Hai

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Dukh Chitthirasa Hai

Author: Ashok Vajpeyi

Brand: Rajkamal Prakashan

Edition: First Edition

Binding: hardcover

Number Of Pages: 144

Release Date: 01-01-2019

model number: 8126715065

Part Number: 8126715065

Details: पिछली अधसदी से अधिक समय से कविता लिख रहे अशोक वाजपेयी ने अपनी कविता में जो जगह बनाई है वह अब अधिक अनुभव-समृद्ध, आत्ममंथन- जिसकावर्णनी और नये ढंग से बेचैन हैं। उल्लास का उजाला और अवसाद की छाया उसे एक ऐसी रंगत देती है जो आज की कविता में प्रायः दुर्लभ है। जीवनासक्ति और प्रश्नांकन की उनकी परम्परा इस संग्रह में नयी सघनता और उत्कटता के साथ चरितार्थ हुई है। उनकी काव्यभाषा का परिसर अन्तर्ध्वनित भी है और बहिर्मुख भी। सामाजिक को निजी और निजी को सामाजिक मानने पर लगातार इसरार करनेवाले इस सयाने कवि का विवेक इस द्वैत को लाँघकर अब ऐसे मुक़ाम पर है जहाँ कविता अनुभव और विचार एक साथ है।.

EAN: 9788126715060

Package Dimensions: 8.7 x 5.7 x 0.6 inches

Languages: Hindi

$2.99
Dukh Chitthirasa Hai
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Product Information

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Description

Author: Ashok Vajpeyi

Brand: Rajkamal Prakashan

Edition: First Edition

Binding: hardcover

Number Of Pages: 144

Release Date: 01-01-2019

model number: 8126715065

Part Number: 8126715065

Details: पिछली अधसदी से अधिक समय से कविता लिख रहे अशोक वाजपेयी ने अपनी कविता में जो जगह बनाई है वह अब अधिक अनुभव-समृद्ध, आत्ममंथन- जिसकावर्णनी और नये ढंग से बेचैन हैं। उल्लास का उजाला और अवसाद की छाया उसे एक ऐसी रंगत देती है जो आज की कविता में प्रायः दुर्लभ है। जीवनासक्ति और प्रश्नांकन की उनकी परम्परा इस संग्रह में नयी सघनता और उत्कटता के साथ चरितार्थ हुई है। उनकी काव्यभाषा का परिसर अन्तर्ध्वनित भी है और बहिर्मुख भी। सामाजिक को निजी और निजी को सामाजिक मानने पर लगातार इसरार करनेवाले इस सयाने कवि का विवेक इस द्वैत को लाँघकर अब ऐसे मुक़ाम पर है जहाँ कविता अनुभव और विचार एक साथ है।.

EAN: 9788126715060

Package Dimensions: 8.7 x 5.7 x 0.6 inches

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