✨ New Arrivals Just Dropped!Explore
HomeStore

Vasant Ke Hatyare

Product image 1

Vasant Ke Hatyare

Author: Hrishikesh Sulabh

Brand: Rajkamal Prakashan

Edition: First Edition

Binding: hardcover

Number Of Pages: 128

Release Date: 01-01-2018

Part Number: 8126717866

Details: ‘वसंत के हत्यारे’ की कहानियां हिंदी की यथार्थवादी कथा-परम्परा का विकास प्रस्तुत करती हैं| इन कहानियों में भारतीय समाज की परम्परा, जीवनदृष्टी, समसामयिक यथार्थ और चिंताओं की अभिव्यक्ति के साथ-साथ विकृतियों और विसंगतियों का भी चित्रण है| मनुष्य की सत्ता और प्रवृति की भीतरी दुर्गम राहों से गुजरते हुए भविष्य के पूर्वाभासों और संकेतों को रेखांकित करने की कलात्मक कोशिश इन कहानियों की अलग पहचान बनाती है| यथार्थ के अंत:स्तरों के बीच से ढेरों ऐसे प्रसंग स्वत:स्फूर्त उगते चलते हैं, जो हमारे जीवन की मार्मिकता को विस्तार देते हैं| संचित अतीत की ध्वनियाँ यहाँ संवेदन का विस्तार करती हैं और इसी अतीत की समयबद्धता लांघकर यथार्थ जीवन की विराटता को रचता है| हृषिकेश सुलभ के कथा संसार में एकांत के साथ-साथ भीड़ की हलचल भी है| सपनों की कोमल छवियों के साथ चिलचिलाती धूप का सफ़र है| पसीजती हथेलियों की थरथराहट है, तो विश्वास से लहराते हाथों की भव्यता भी है| भावनाओं और संवेदनाओं के माध्यम से अपना आत्यंतिक अर्थ अर्जित करती इन कहानियों में क्रूरता और प्रपंच के बीच भी जीवन का बिरवा उग आता है, जो मनुष्य की संवेदना के उत्कर्ष और जिजीविषा की उत्कटता को रेखांकित करता है|

EAN: 9788126717866

Package Dimensions: 8.8 x 5.7 x 0.6 inches

Languages: Hindi

$0.86

Original: $2.46

-65%
Vasant Ke Hatyare

$2.46

$0.86

Product Information

Shipping & Returns

Description

Author: Hrishikesh Sulabh

Brand: Rajkamal Prakashan

Edition: First Edition

Binding: hardcover

Number Of Pages: 128

Release Date: 01-01-2018

Part Number: 8126717866

Details: ‘वसंत के हत्यारे’ की कहानियां हिंदी की यथार्थवादी कथा-परम्परा का विकास प्रस्तुत करती हैं| इन कहानियों में भारतीय समाज की परम्परा, जीवनदृष्टी, समसामयिक यथार्थ और चिंताओं की अभिव्यक्ति के साथ-साथ विकृतियों और विसंगतियों का भी चित्रण है| मनुष्य की सत्ता और प्रवृति की भीतरी दुर्गम राहों से गुजरते हुए भविष्य के पूर्वाभासों और संकेतों को रेखांकित करने की कलात्मक कोशिश इन कहानियों की अलग पहचान बनाती है| यथार्थ के अंत:स्तरों के बीच से ढेरों ऐसे प्रसंग स्वत:स्फूर्त उगते चलते हैं, जो हमारे जीवन की मार्मिकता को विस्तार देते हैं| संचित अतीत की ध्वनियाँ यहाँ संवेदन का विस्तार करती हैं और इसी अतीत की समयबद्धता लांघकर यथार्थ जीवन की विराटता को रचता है| हृषिकेश सुलभ के कथा संसार में एकांत के साथ-साथ भीड़ की हलचल भी है| सपनों की कोमल छवियों के साथ चिलचिलाती धूप का सफ़र है| पसीजती हथेलियों की थरथराहट है, तो विश्वास से लहराते हाथों की भव्यता भी है| भावनाओं और संवेदनाओं के माध्यम से अपना आत्यंतिक अर्थ अर्जित करती इन कहानियों में क्रूरता और प्रपंच के बीच भी जीवन का बिरवा उग आता है, जो मनुष्य की संवेदना के उत्कर्ष और जिजीविषा की उत्कटता को रेखांकित करता है|

EAN: 9788126717866

Package Dimensions: 8.8 x 5.7 x 0.6 inches

Languages: Hindi

Vasant Ke Hatyare | Explore Millions of Books